सफलता, डिग्री की मोहताज नहीं है, इस बात को 10वीं पास अब्दुल अलीम ने सच कर दिखाया है।अलीम की कहानी हर युवा के लिए एक बड़ी प्रेरणा है। उन्होंने बताया कि साल 2013 में वह घर से मात्र ₹1000 लेकर निकले थे, जिसमें से ₹800 टिकट पर खर्च हो गए। शुरूआती 2 महीने उन्हें सड़कों पर बिताने पड़े।
इसके बाद उन्हें ZOHO कंपनी में गार्ड की नौकरी मिली। अपनी लगन और कुछ कर दिखाने की इच्छाशक्ति के चलते, अलीम दिन में गार्ड की नौकरी करते थे और रात में कंपनी के ही शिबू एलेक्सिस के मार्गदर्शन में कोडिंग सीखते थे।
अपनी कड़ी मेहनत और सीखने की ललक के दम पर, आज अब्दुल अलीम उसी ZOHO कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं।उन्होंने युवाओं के लिए संदेश दिया, “सीखने में देर मत करो।”