मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल (MP Board) ने बोर्ड परीक्षाओं में नकल पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए बड़ा और सख्त कदम उठाया है। इस बार प्रदेशभर में होने वाली बोर्ड परीक्षाओं के दौरान अति-संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर लाइव निगरानी की जाएगी, जिससे परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया जा सके।
MP बोर्ड के अनुसार, प्रदेश में बोर्ड परीक्षाओं के लिए कुल 3856 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें से 9 जिलों के 226 परीक्षा केंद्रों को अति-संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है। इन केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से रियल-टाइम लाइव मॉनिटरिंग की जाएगी। इस निगरानी व्यवस्था के तहत उच्च अधिकारी कंट्रोल रूम से सीधे परीक्षा केंद्रों पर नजर रखेंगे।
लाइव निगरानी वाले इन परीक्षा केंद्रों में भोपाल, इंदौर, देवास, सागर और ग्वालियर सहित अन्य जिले शामिल हैं, जहां पूर्व में नकल या अव्यवस्था की शिकायतें सामने आती रही हैं। बोर्ड का मानना है कि इस व्यवस्था से नकल पर प्रभावी रोक लगेगी और परीक्षाएं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होंगी।
MP बोर्ड ने परीक्षा तिथियों की जानकारी देते हुए बताया कि 12वीं कक्षा की परीक्षाएं 10 फरवरी से शुरू होंगी, जबकि 10वीं कक्षा की परीक्षाएं 13 फरवरी से आयोजित की जाएंगी। बोर्ड ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करते हुए बिना किसी दबाव के परीक्षा दें।
बोर्ड अधिकारियों का कहना है कि निष्पक्ष परीक्षा कराना उनकी प्राथमिकता है और किसी भी तरह की गड़बड़ी या नकल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह नई व्यवस्था प्रदेश में परीक्षा प्रणाली को और अधिक विश्वसनीय बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।