कान्हा में बाघों की मौत पर हाईकोर्ट सख्त, केंद्र-राज्य सरकार को सुरक्षा उपायों के निर्देश

मध्यप्रदेश के प्रसिद्ध कान्हा टाइगर रिजर्व में लगातार हो रही बाघों की मौतों को लेकर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकार को अहम निर्देश जारी किए हैं। कोर्ट ने बाघों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के दिशा-निर्देशों और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत निर्धारित सभी मानकों का सख्ती से पालन करने को कहा है।

जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस बीपी शर्मा की युगलपीठ ने मामले की सुनवाई के दौरान कैनाइन डिस्टेंपर वायरस (CDV) को बाघों के लिए गंभीर खतरा बताते हुए इसकी रोकथाम के लिए प्रभावी निवारक और उपचारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।

कोर्ट ने सरकारों को आदेश दिया है कि कान्हा टाइगर रिजर्व के आसपास के क्षेत्रों में मौजूद कुत्तों को क्वारंटीन करने सहित आवश्यक जैव-सुरक्षा उपाय तत्काल लागू किए जाएं, ताकि संक्रमण का खतरा कम किया जा सके। इसके साथ ही अदालत ने केंद्र और राज्य सरकार से आदेशों के पालन संबंधी विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट भी मांगी है।

हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 9 जुलाई को निर्धारित की है। माना जा रहा है कि इस मामले में अदालत की सख्ती के बाद वन्यजीव संरक्षण और बाघों की सुरक्षा को लेकर निगरानी और उपायों में तेजी आएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here