अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने रविवार को अपने समर्थकों और विरोधियों के बीच गतिरोध का एक वीडियो शेयर किया जिसमें एक आदमी ‘वाइट पावर’ का नारा लगा रहा था. बाद में इस पर विवाद होने पर उन्होंने ये ट्वीट डिलीट कर दिया.
ट्रंप ने वीडियो क्लिप ट्वीट करते हुए लिखा, “द विलेजेज के महान लोगों को धन्यवाद. “कट्टरपंथी लेफ्ट कुछ नहीं करेंगे डेमोक्रेट्स गर्त में जाएंगे.”
ये फुटेज जाहिर तौर पर फ्लोरिडा में एक रिटायरमेंट कम्युनिटी का था, जिसमें एक व्यक्ति “ट्रंप 2020” और “अमेरिका फर्स्ट” का बैनर लगाए गोल्फ कार्ट चलाता दिखाई दिया जिस पर सड़क किनारे खड़ा एक प्रदर्शनकारी “रेसिस्ट” कहकर तंज कर रहा था.
इस दौरान जब दोनों एक दूसरे पर चिल्लाने लगे तो गोल्फ कार्ट चला रहे शख्स ने मुट्ठी उठाते हुए “वाइट पावर” का नारा लगाया.
इस पर प्रदर्शनकारी पलटकर उस पर चिल्लाया, “वाइट पावर! वहां तुम जाओ, वाइट पावर. क्या तुमने सुना?”
इस ट्वीट को पोस्ट करने के घंटों बाद ट्रंप के अकाउंट से इसे हटा दिया गया. ये है वो वीडियो जिसे ट्रंप ने ट्वीट किया था.
“विलेजेज” वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तुरंत घमासान मच गया, और ट्रंप के सहयोगियों ने रविवार सुबह टॉक शो में इसका बचाव करने के लिए मोर्चा संभाल लिया.
बचाव में बाद में वाइट हाउस की तरफ से ये दलील दी गई कि ट्रंप ने नहीं सुना था कि वो आदमी क्या चिल्ला रहा था.
वाइट हाउस प्रवक्ता जूड डीरे ने कहा, “राष्ट्रपति द विलेजेज के बड़े प्रशंसक हैं. उन्होंने वीडियो पर दिए गए एक बयान को नहीं सुना था. उन्होंने तो बस अपने कई समर्थकों में जबरदस्त उत्साह देखा था.”
ट्रंप पर काफी समय से नस्लीय तनाव को हवा देने के आरोप लगते रहे हैं, जिसमें एक महीने पहले अफ्रीकी अमेरिकी जॉर्ज फ्लॉयड की हिरासत में मौत पर देशभऱ में हुई नस्लीय हिंसा शामिल है.


