आप जरूर बरतें ये सावधानियां
-हम भी आपको अक्सर इस बारे में जानकारी देते रहते हैं कि विटमिन्स आपके शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए जरूरी हैं। खासतौर पर विटमिन-सी और विटमिन-डी। लेकिन साथ ही हम आपको यह सलाह भी देते हैं कि इनके सेवन से पहले एक बार अपने डॉक्टर से जरूर परामर्श करें।
कमजोरी और थकान लगना
-किसी भी दवाई को लेने से पहले डॉक्टर की सलाह इसलिए जरूरी होती है क्योंकि हर व्यक्ति के शरीर को एक ही पोषक तत्व की जरूरत अलग-अलग मात्रा में होती है। आपके शरीर को किसी भी विटमिन की कितनी जरूरत है या नहीं है, यह बात आपको सिर्फ आपके डॉक्टर ही बता सकते हैं।
घरेलू नुस्खों की अति, बीमार पड़ रहे लोग
विटमिन-डी लेने का तरीका
-आपके शरीर को विटमिन-डी की कितनी डोज चाहिए और आपके यह डोज कितने समय तक लेनी यह बात अपने डॉक्टर से जरूर पूछें।
-क्योंकि सामान्य तौर पर विटमिन-डी के कैपसूल्स सप्ताह में एक बार लिए जाते हैं और इनका कोर्स लगातार दो महीने तक चलता है। हड्डियों में बहुत अधिक कमजोरी के शिकार लोगों के लिए यह डोज अलग-अलग हो सकती है।
-साथ ही एक समय के बाद आपके डॉक्टर एक बार फिर आपको यह विटमिन लेना शुरू करने की सलाह दे सकते हैं। आमतौर पर यह 6 महीने का अंतराल होता है।
मन घबराने की समस्या होना
आपका दिल जीत लेंगे शहद खाने के ये 7 फायदे
हो सकती हैं ये समस्याएं
-विटमिन्स की ओवर डोज लेने से उल्टियां होना, बार-बार मितली आना या घबराहट होने की समस्या प्रारंभिक लक्षण हैं।
-यदि ये समस्या लगातार लंबे समय तक बनी रहती है तो नींद ना आना, थकान रहना और अपच की समस्या भी हो सकती हैं। जो आगे चलकर किसी और गंभीर बीमारी का कारण बन सकती हैं।
-इसलिए अगर आपको इस तरह की समस्याएं हो रही हैं तो तुरंत विटमिन्स का सेवन करना बंद करें और अपने डॉक्टर से सलाह लें। साथ ही यह भी पता करें कि आपके लिए अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का सबसे प्रभावी तरीका क्या रहेगा।
Source link


