AIIMS nurses strike, High court stays, 5000 nurses are agitating

AIIMS की नर्सों की हड़ताल पर हाई कोर्ट ने रोक लगाई, 5000 नर्सें कर रही हैं आंदोलन

दिल्ली के एम्स में नर्सों की हड़ताल चल रही है.

नई दिल्ली:

एम्स (AIIMS) में नर्सों की हड़ताल पर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है. जबकि नर्स संघ ने अनिश्चितकालीन हड़ताल का ऐलान कर रखा है. एम्स की नर्सों को अन्य नर्स संगठनों का भी समर्थन मिल रहा है. नर्सों की मांग है कि छठे केंद्रीय वेतन आयोग की अनुशंसा को लागू किया जाए और कांट्रैक्ट पर हो रही भर्तियों को ख़त्म किया जाए.

यह भी पढ़ें

दिल्ली हाइकोर्ट ने एम्स के नर्स एसोसिएशन की हड़ताल पर रोक लगा दी है. लेकिन ये सवाल बना हुआ है कि कभी जिन पर कोरोना वॉरियर का तमगा देकर फूल बरसाए गए, उन्हीं को हड़ताल पर क्यों जाना पड़ा है. दो दिन से 5000 नर्सें हड़ताल पर हैं. नर्सों की मांग है कि देश भर के तमाम सरकारी मुलाज़िमों की तरह उन्हें भी छठे वेतन आयोग के हिसाब से वेतन मिले और कॉट्रैक्ट पर नर्सों को न रखा जाए. 

प्रदर्शन कर रहे नर्सिंग स्टॉफ़ के लोगों में 38 साल के सुखपाल जाट भी शामिल हैं जो 10 साल से एम्स में बतौर नर्स काम कर रहे हैं और पिछले 5 महीनों से कोविड वार्ड में ड्यूटी पर थे जहां वे ख़ुद भी कोरोना से संक्रमित हो गए थे. सुखपास जाट ने कहा कि ”मैं राजस्थान से हूं पर पिछले 5 महीनों से घर नहीं गया, डर से कि कहीं कोरोना न हो जाए. छठा वेतन आयोग लागू हुआ तो 30 हज़ार वाले को 40 हज़ार मिलेंगे.”

कैंसर से पीड़ित 40 साल की विनती देवी एम्स के आपातकालीन वार्ड के बाहर दर्द से कराह रही हैं. उन्हें मंगलवार को भर्ती करने के लिए बुलाया गया था लेकिन हड़ताल के चलते अगली तारीख़ दे दी गई है. परिवार का कहना है कि उनके पास इतने पैसे भी नहीं कि बार-बार आ सकें. विनती देवी के पुत्र योगेश ने कहा कि ”आज बुलाया था, फ़ीस भी ले ली. फिर बोले आज नहीं होगा हड़ताल है 21 को आओ. हम क्या करें.”

Newsbeep

एम्स प्रशासन का कहना है कि स्वास्थ्य मंत्रालय नर्सों की मांगों पर विचार कर रहा है. कोरोना के दौर में हड़ताल ग़लत है. आपातकालीन स्थिति में नर्सों की कांट्रैक्ट पर भर्ती हो रही है. नर्सें न काम कर रही हैं और न करने दे रही हैं. नर्सें काम पर नहीं लौटीं तो कार्रवाई की जाएगी.

इस बीच दिल्ली नर्स संघ ने भी एम्स की नर्सों को अपना समर्थन दिया है. फ़रीदाबाद के वल्लभगढ़ अस्पताल की नर्सों का भी एम्स के नर्स संगठन को समर्थन मिला है.


Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here