छतरपुर। हिंदू धर्म में अक्षय तृतीया को विवाह के लिए सबसे शुभ मुहूर्त माना जाता है, और इसी पावन अवसर पर जिले के बिजावर में मुख्यमंत्री कन्यादान/कन्या विवाह योजना के अंतर्गत एक भव्य सामूहिक विवाह सम्मेलन का आयोजन किया गया। बिजावर नगर स्थित श्री जानकी निवास मंदिर एवं मांगलिक भवन में आयोजित इस समारोह में लगभग 200 जोड़े वैदिक रीति-रिवाजों के साथ वैवाहिक बंधन में बंधे और अपने नए जीवन की शुरुआत की।इस सामूहिक विवाह समारोह में छतरपुर जिले के 8 विकासखंडों से आए वर-वधुओं ने एक-दूसरे को वरमाला पहनाकर सात जन्मों तक साथ निभाने का संकल्प लिया।
पूरे आयोजन के दौरान पंडितों के मंत्रोच्चार के बीच विवाह की सभी रस्में एक साथ संपन्न कराई गईं, जिससे वातावरण पूरी तरह धार्मिक और उत्सवमय बना रहा।कार्यक्रम स्थल को आकर्षक रूप से सजाया गया था। दूल्हे घोड़े पर सवार होकर जैसे ही विवाह स्थल पहुंचे, बिजावर विधायक राजेश शुक्ला ने उनका स्वागत किया और सम्मानपूर्वक घोड़े से उतारकर कार्यक्रम में शामिल कराया। समारोह सामाजिक समरसता, सहयोग और भारतीय संस्कृति की झलक पेश करता नजर आया।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में विधायक राजेश शुक्ला, जनपद अध्यक्ष पूजा आशीष दुबे, नगर परिषद अध्यक्ष लक्ष्मी वीर सिंह यादव, शशिकांत अग्निहोत्री, जिला पंचायत सीईओ नमः शिवाय अरजरिया, एसडीएम विजय द्विवेदी, तहसीलदार अभिनव शर्मा, जनपद सीईओ अंजना नागर, सीएमओ संतोष सेनी, महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी राजकुमार बागरी सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।विवाह संपन्न होने के बाद शासन की ओर से नवविवाहित जोड़ों को आर्थिक सहायता एवं उपहार प्रदान किए गए।
प्रत्येक जोड़े को 49,000 रुपये की सहायता राशि दी गई, साथ ही किचन सेट, साड़ी और भगवान भोलेनाथ का चित्र भेंट किया गया।कार्यक्रम के अंत में सभी नवदंपत्तियों को सुखद, समृद्ध और उज्ज्वल वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं दी गईं। यह आयोजन न केवल जरूरतमंद परिवारों के लिए सहारा बना, बल्कि सामाजिक एकता और पारंपरिक मूल्यों को भी मजबूती देने वाला साबित हुआ।


