- रायपुर सहित प्रदेश के अन्य जिलों में 27 फरवरी से शुरू हुई कार्रवाई तीसरे दिन भी जारी
- दिल्ली से आयकर के 150 अफसर विशेष विमान से आए, रायपुर में एक साथ मारे गए छापे
Dainik Bhaskar
Feb 29, 2020, 02:26 PM IST
रायपुर. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के अन्य जिलों में इनकम टैक्स की कार्रवाई शनिवार को तीसरे दिन भी जारी है। दिल्ली से विशेष विमान से आए आयकर के 105 अफसरों की टीम ने 27 फरवरी को रायपुर में छापा मार। इसके बाद जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ती गई, कार्रवाई की दिशा और जिले भी बदलते चले गए। जिनके यहां छापे मारे गए उनमें 8 बड़े नाम हैं, जो कि सरकार के काफी करीबी हैं। बताया जा रहा है कि इस छापों के दौरान हीरे, नगदी और करोड़ों की बेनामी संपत्ति का पता चला है।
प्रदेश में चल रही इस कार्रवाई को लेकर जहां राजनीति तेज हो गई है और बात राज्यपाल और राष्ट्रपति तक पहुंच गई है। वहीं कई ऐसे भी हैं, जिनके ऊपर गिरफ्तारी की तलवार लटकने लगी है। खास बात यह है कि इस कार्रवाई में जहां स्थानीय अफसरों का सहयोग नहीं लिया गया, वहीं टीम अपने साथ अर्द्धसैनिक बलों को साथ लेकर आई। जिन गाड़ियों से टीम ने दबिश दी, उन पर शैक्षणिक टूर के पोस्टर लगे थे। आयकर अधिकारी बताते हैं कि जब इस तरह छापा मारा जाता है तो कार्रवाई काफी बड़ी और संगीन होती है।
जानिए इन तीन दिनों में कब क्या-क्या हुआ
27 फरवरी
- सुबह 7.30 बजे : दिल्ली से विशेष विमान के जरिए आयकर के 105 अफसर रायपुर पहुंचे। इनके साथ सीआरपीएफ के 200 जवान भी थे।
- सुबह 8 बजे : आयकर की आठ टीमों ने रायपुर मेयर एजाज ढेबर, पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांड, आईएएस अनिल टुटेजा, सीए अजय सिंघवानी, होटल कारोबारी गुरुचरण सिंह होरा, मेयर के भाई अनवर ढेबर, डॉ. ए फरिश्ता, सीए संजय संचेती और सीए कमलेश जैन के 32 ठिकाने पर एक साथ छापे मारे।
- सुबह 11 बजे : एक टीम भिलाई पहुंची और सेक्टर 9 स्थित आबकारी विभाग के ओएसडी अरुणपति त्रिपाठी के बंगले पर छापा मारा।
- शाम 6 बजे : पीसीसी चीफ मोहन मरकाम ने कार्रवाई को सही बताया। कहा, पूर्व सरकार में जो मलाईदार पदों पर थे उनके यहां पड़े हैं छापे।
- रात 8 बजे : छत्तीसगढ़ पुलिस ने राज टॉकीज के पास खड़ी आयकर अफसरों की गाड़ियों काे जैक लगाकर लॉक किया।
- रात 12 बजे : पुलिस उन सभी गाड़ियों को अवैध पार्किंग में खड़ा बताकर पुलिस लाइन ले गई।
28 फरवरी
- दोपहर 1.30 बजे : भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा ने विधानसभा में अायकर विभाग की गाड़ियों को जब्त करने का मामला उठाया।
- दोपहर 2 बजे : आयकर विभाग की टीम मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उपसचिव सौम्या चौरसिया के भिलाई के सूर्या रेसिडेंसी स्थित बंगले पर पहुंची। वहीं कारोबारी अनूप बंसल के बंगले पर छापा मारा।
- दोपहर 3 बजे : विधानसभा में अायकर विभाग की गाड़ियों का मामला उठने के बाद आनन-फानन में उनका चालान कर पुलिस ने छोड़ा।
- शाम 4 बजे : आयकर विभाग की टीम ने जगदलपुर में डॉक्टर सहित तीन कारोबारियों के यहां छापा मारा।
- शाम 5 बजे : बंद बंगले का दरवाजा नहीं खुलने पर चाबी बनाने वाले को बुलाया गया। फिर भी दरवाजा नहीं खुला।
- शाम 6.30 बजे : आयकर छापों को लेकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आपात बैठक बुलाई।
- शाम 7.30 बजे : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित पूरा मंत्रिमंडल राजभवन पहुंचा। वहां राज्यपाल को ज्ञापन सौंप आयकर छापों पर विरोध जताया। इन छापों को असंवैधानिक बताते हुए लीगल कार्रवाई की बात कही।
- रात 9 बजे : भिलाई में उपसचिव सौम्या चौरसिया के बंगले का दरवाजा नहीं खुलने पर गद्दे मंगाकर टीम ने वहीं रात बिताई।
- रात 10 बजे : बिलासपुर में शराब कारोबारी अमलोक सिंह भाटिया के दयालबंद स्थित घर और फैक्ट्री में तीन टीमों ने छापा मारा।
- रात 11 बजे : रायपुर मेयर एजाज ढेबर और उनके भाई अनवर ढेबर के यहां छापे की कार्रवाई पूरी हुई।
29 फरवरी
- सुबह 10 बजे : मध्य प्रदेश और दिल्ली से सीबीआई की टीम रायपुर और भिलाई पहुंची।
- दोपहर 12 बजे : छापों के विरोध में कांग्रेस ने रायपुर के गांधी मैदान में प्रदर्शन शुरू किया।
- दोपहर 1 बजे : कांग्रेसी रैली निकालकर सिविल लाइंस स्थित आयकर भवन पहुंचे। पुलिस के लगाए बैरिकेट तोड़कर आगे बढ़े।
- दोपहर 2 बजे : रायपुर मेयर एजाज ढेबर के करीबी और पूर्व पार्षद अफरोज अंजुम के बैजनाथ पारा स्थित घर पर छापा मारा।
- दोपहर 2.30 बजे : शनिवार होने के कारण आयकर भवन बंद था। ऐसे में राष्ट्रपति के नाम एडीएम को सौंपा ज्ञापन।
- दोपहर 3 बजे : मुख्यमंत्री कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात के लिए दिल्ली रवाना हुए।
- शाम 4.55 बजे : अायकर विभाग की टीम ने उपसचिव सौम्या चौरसिया के भिलाई स्थित बंगले को सील किया। 24 घंटे से भी ज्यादा समय बीत जाने के बावजूद कोई नहीं पहुंचा और दरवाजा नहीं खुला।
महाराष्ट्र के सबसे बड़े रेंज मुंबई से 50 अफसर बुलाए, होटल में बनाया कंट्रोल रूम
- महापौर ढेबर के लैपटॉप, कैरेटो मीटर और नोट गिनने की मशीन सहित अन्य चीजों की जांच हुई। कार्रवाई समेट ली गई है।
- भिलाई में एपी त्रिपाठी के बंगले से सामान और दस्तावेज मिले हैं, जांच टीम साथ ले गई है।
- गुरुवार को मिले तथ्यों के आधार पर शुक्रवार की कार्रवाई के लिए रायपुर आईटी कमिश्नरेट के अफसरों की भी मदद ली गई।
- दो दिन से जारी पड़ताल में मिली जानकारी और दस्तावेज सहेजने का काम शुरू कर दिया गया है। इसके लिए टीम ने रायपुर के इनकम टैक्स कमिश्नर से 22 कंप्यूटर, प्रिंटर और फोटोकापी मशीनें मांगी। इनकी मदद से पूर्व सीएस ढांड, अनवर ढेबर और सीए कमलेश जैन के यहां मिले दस्तावेज और अन्य चीजों की एंट्री की जा रही है। कंट्रोल रूम एक होटल में है।
- जांच के बढ़ते दायरे को देख आयकर ने मुंबई से 50 अफसरों को बुला लिया। शनिवार से ये काम संभाल लेंगे तब लोकल अफसर हटा लिए जाएंगे। ईडी की भी मदद ली जा रही है। वजह- ईडी के पास पहले ही अनिल टुटेजा का केस है। साथ ही आईटीएस अफसर एपी त्रिपाठी केंद्रीय अधिकारी हैं। उन्हें भी जांच के दायरे में लिया जाएगा। त्रिपाठी के विदेशी निवेश के सबूत मिले हैं।
ये प्रमुख लोग अायकर विभाग के निशाने पर
- एजाज ढेबर : रायपुर के नवनिर्चाचित मेयर एजाज ढेबर पर 2010 में मारपीट और बलवा का केस दर्ज हुआ था। इसके अलावा शहर के अलग-अलग थानों में 8 केस दर्ज हैं। इनके वेलिंगटन होटल के साथ ही कई रेस्टोरेंट हैं, जो अलग-अलग शहरों में संचालित हैं। इसके अलावा रियल स्टेट, स्टील का भी कारोबार है।
- सौम्या चौरसिया : राज्य प्रशासनिक सेवा 2008 बैंच की अफसर हैं। पेंड्रा, बिलासपुर, दुर्ग, भिलाई और पाटन एसडीएम पद रह चुकी हैं। पहली बार भिलाई चरौदा नगर निगम की आयुक्त की जिम्मेदारी निभाई, फिर 2016 में रायपुर नगर निगम में अपर आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई थी। इसके बाद दिसंबर 2018 में मुख्यमंत्री का उपसचिव नियुक्त किया गया।
- अनवर ढेबर : मेयर एजाज ढेबर के भाई अनवर ढेबर पूर्व मुख्यमंत्री अजित जोगी के काफी करीबी रहे हैं। इसके बाद कांग्रेस के समर्थक हो गए। अनवर का ढेबर स्टील, ढेबर सिटी (रियल स्टेट) में बड़ा दखल है। संयुक्त परिवार के साथ रहते हैं।
- विवेक ढांड : पारिवारिक रूप से काफी सम्पन्न आईएएस विवेक ढांड रेरा के चेयरमैन हैं। वे रमन सिंह सरकार के दौरान 4 सालों तक 2014-18 तक राज्य के प्रमुख सचिव रहे चुके हैं। पूरा परिवार संघ के काफी करीब है। आईएएस विवेक ढांड मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को कॉलेज में पढ़ा चुके हैं। सरकार बदलने के बाद सीएम के करीब आए। रायपुर के ही रहने वाले हैं और सिविल लाइंस में बंगला है। वहीं पर आयकर की जांच चल रही है।
- अनिल टुटेजा : बिलासपुर के मूल निवासी आईएएस अनिल टुटेजा वर्तमान में उद्योग विभाग के संयुक्त सचिव हैं। प्रदेश के बहुचर्चित नान घोटाले में भी आरोपी हैं। इनकी पत्नी मीनाक्षी टुटेजा की पार्लर चैन है, जो रायपुर, दुर्ग, भिलाई, बिलासपुर सहित अन्य जिलों में संचालित है। बताया जाता है कि रायपुर के देवेंद्र नगर स्थित पार्लर में ही एक महीने का कारोबार 50 लाख का है। इनके बंगले सहित रायपुर और भिलाई स्थित पॉलर में कार्रवाई चल रही है।
- एपी त्रिपाठी : अरुण पति त्रिपाठी, इंडियन टेलीकॉम सर्विस के अधिकारी हैं। वर्तमान में इनके पास ओएसडी आबकारी विभाग की जिम्मेदारी है। ये केंद्र से प्रतिनियुक्ति पर आए हैं।
- गुरुचरण सिंह होरा : रायपुर विकास प्राधिकरण (आरडीए) में इंजीनियर रहे गुरुचरण सिंह होरा 2013 के आसपास नौकरी छोड़कर होटल के कारोबार में आए। इसके बाद जमीन के कारोबार में बड़ा काम किया। फिलहाल एक होटल और सिटी केबल न्यूज चैनल के मालिक हैं। इनके ऊपर हत्या का भी आरोप है। होरा का खेल संगठनों और प्रशासन में काफी दखल है। इनके बंगले पर कार्रवाई की जा रही है।
Source link