Patan Murder Case: बठेना गांव में 5 लोगों की मौत की घटना की जांच करने जाएगा बीजेपी विधायकों का दल.
विधानसभा के बजट सत्र के दौरान दुर्ग जिले के पाटन मर्डर केस को लेकर बीजेपी के सदस्यों ने सरकार पर लगाए आरोप. स्पीकर और विपक्ष के सदस्यों के बीच नोक-झोंक के बाद बीजेपी के सदस्यों ने किया सदन का बहिष्कार.
इससे पहले विधानसभा में पाटन मर्डर केस पर अपनी बात रखते हुए बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि ये दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्री की विधानसभा में पहले खुड़मुडा में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या हुई और अब उनकी ही विधानसभा में एक ही परिवार के पांच सदस्यों की मौत हुई है. हमारा आरोप है कि ये आत्महत्या नहीं है, ये हत्या है. बृजमोहन ने आरोप लगाया कि झूठी आत्महत्या का पत्र बनाया गया है. शून्यकाल में स्थगन की सूचना के दौरान बृजमोहन अग्रवाल ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हाउस ऑफ कॉमन्स भी परंपराओं से चलता है. बीजेपी विधायक यदि स्थगन की सूचना पर अपनी बात रखना चाहते हैं तो पहले उन्हें मौका दिया जाना चाहिए.
नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने भी कहा कि स्थगन की सूचना हमने दी है. स्थगन की सूचना में नाम है. हमारे सदस्य यदि किसी विषय पर कुछ कहना चाहते हैं तो उन्हें बोलने का मौका दिया जाएगा. इस पर सदन के स्पीकर डॉक्टर चरणदास महंत ने कहा- आसंदी में आप मुझसे पहले से विराजमान रहे हैं. 1980 से मैं इस क्लासरूम में बैठता रहा हूं. मुझे नियमों की भी जानकारी है और परम्पराओं की भी. परंपरा और नियम मैं भी जानता हूँ, मैं भी चिल्लाकर बात कर सकता हूं, लेकिन मैं धीरे कहता हूं.
स्पीकर की बात पर बृजमोहन अग्रवाल ने कहा- आपको नाराज होकर बात करने का अधिकार नहीं है. स्पीकर ने कहा कि गरिमा का प्रश्न है, नियम का प्रश्न है, परंपरा का प्रश्न है. सबका पालन होगा. इसके बाद बीजेपी विधायक सदन की कार्यवाही छोड़कर बाहर निकल गए.


