मध्यप्रदेश में कोरोना का अनूठा इलाज : जहां बढ़े मरीज वहीं कलेक्टर और एसपी को हटाया

अब तक तीन जिलों में हुआ यह प्रयोग, तीनों में कोरोना नियंत्रण में फेल हुआ प्रशासन

इंदौर और उज्जैन के बाद अब खंडवा में स्थिति हुई बेकाबू, भोपाल भी ठीक नहीं

भोपाल। मध्यप्रदेश में बीजेपी सरकार बनने के साथ ही कोरोना संक्रमण तेजी से बढ़ा है। कोविड-19 से निपटने के लिए मध्यप्रदेश सरकार कलेक्टर और एसपी बदलने के फार्मूले पर काम कर रही है, लेकिन स्थिति बिगड़ती ही जा रही है।

शिवराज सरकार ने मंगलवार देर रात खंडवा के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को हटा दिया। कलेक्टर तन्वी सुन्द्रियाल की जगह अनय द्विवेदी को खंडवा का जिलाधिकारी बनाया गया है। एसपी शिव दयाल की जगह विवेक सिंह को खंडवा भेजा गया है।


खंडवा में कोरोना का संक्रमण बढ़ता ही जा रहा है। कल जिले में 69 नए मरीज मिले थे और आज 21 आए हैं। जिले में 187 मरीज हो गए हैं और 8 लोगों की इस बीमारी से मौत हो चुकी है।

ये भी देखें : बीजेपी विधायक ने खंडवा कलेक्टर पर लगाए आरोप

प्रदेश में कोरोना मरीज के मामले में तीसरे क्रम वाले उज्जैन के कलेक्टर शशांक मिश्रा और एसपी सचिन अतुलकर पिछले सप्ताह हटाए गए थे।

यह भी देखें :उज्जैन के दबंग एसपी को कोरोना के कारण हटाया

इसे भी देखें : उज्जैन कलेक्टर पर गिरी कोरोना की गाज


इससे पहले इंदौर कलेक्टर लोकेश जाटव और एसएसपी रुचिवर्धन मिश्रा को कोरोना कंट्रोल में नाकामी पर हटाया गया था। इन बदलाव के बावजूद इंदौर में प्रदेश के लगभग आधे मरीज हैं। कोरोना से मौत के मामले में भी इंदौर मुंबई के बाद माना जा रहा है।

एमपी के टॉप जिले

एमपी के 45 जिलों तक पहुंचा कोरोना

मध्यप्रदेश में कोरोना कंट्रोल से बाहर हो रहा है। 23 मार्च को बीजेपी की सरकार बनने तक प्रदेश में सिर्फ 5 मरीज थे। इनमें से 4 जबलपुर और एक भोपाल में था। आज मध्यप्रदेश के 52 जिलों में से 45 जिलों तक कोरोना पहुंच गया है। राजगढ़ और सिंगरौली में आज ही मरीज मिले। प्रदेश में 5465 कुल कोरोना मरीज अब तक मिल चुके हैं। 258 की मौत हुई है और 2630 मरीज अब तक ठीक हुए हैं।

कोरोना बुलेटिन

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here