शाजापुर, मध्य प्रदेश। शाजापुर में मोहर्रम की 10वीं तारीख को देर रात उस समय तनाव फैल गया जब एक ही समुदाय के दो गुटों के बीच हिंसक झड़प हो गई। यह घटना देर रात करीब 1 बजे दुलदुल साहब का जुलूस आजाद चौक से गुजरते समय हुई, जहां पहले से मौजूद दो पक्षों के बीच विवाद शुरू हुआ और देखते ही देखते मारपीट में बदल गया।
मौके पर तुरंत हरकत में आई पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर स्थिति को तुरंत नियंत्रण में ले लिया। इस दौरान कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल जरूर बना, लेकिन पुलिस की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के कारण स्थिति और अधिक बिगड़ने से बच गई।आमतौर पर मोहर्रम का यह जुलूस रात 12 बजे से सुबह 5 बजे तक चलता है, लेकिन प्रशासन ने विवाद को देखते हुए जुलूस को रात 2 बजे ही समाप्त करवा दिया और बड़े साहब को नियत स्थान पर सुरक्षित रखवाया।
घटना के तुरंत बाद इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। वरिष्ठ अधिकारियों, जिनमें जिला पंचायत सीईओ संतोष टैगोर और एडिशनल एसपी टी.एस. बघेल शामिल थे, की निगरानी में स्थिति को शांत कराया गया।
एडिशनल एसपी टी.एस. बघेल ने बताया कि “एक ही समुदाय के दो गुटों में अखाड़ा घुमाने को लेकर कहासुनी हो गई थी, जिसे पुलिस ने नियंत्रित कर लिया।” उन्होंने पुष्टि की कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है और न ही कोई गंभीर घटना घटी है। अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं करवाई गई है।फिलहाल, क्षेत्र में शांति बनी हुई है, लेकिन किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए पुलिस अभी भी सतर्क है और स्थिति पर कड़ी नजर रख रही है।