ललितपुर। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों की परीक्षाएं चल रहीं हैं। स्नातक और परास्नातक के विद्यार्थी परीक्षाओं को लेकर गंभीर नजर आ रहे हैं। विद्यार्थियों ने बताया कि इस बार अच्छे अंक लाने के लिए दिन- रात पढ़ाई कर रहे हैं। कॉलेज में बनवाए गए नोट्स से अच्छी मदद मिल रही है, साथ ही कुछ सामग्री के लिए इंटरनेट का भी सहारा ले रहे हैं।परीक्षार्थियों का कहना है कि विश्वविद्यालय द्वारा घोषित परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार ही विषयवार परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। सभी विद्यार्थी अपनी- अपनी विषयों की पढ़ाई में जुटे हुए हैं। परीक्षा शुरु होते ही परीक्षार्थी पढ़ाई को लेकर गंभीर हो गए हैं। इसके लिए कोई आठ तो कोई दस घंटे तक पढ़ाई कर रहा है। परीक्षार्थियों को टिप्स देते हुए श्री दीपचंद्र चौधरी महाविद्यालय के प्रोफेसर केपी ने कहा कि छात्र-छात्राएं परीक्षा का दबाव अपने ऊपर हावी नहीं होने दें। डिप्रेशन में न आएं। अशुद्धियों से बचें और निश्चित समय सीमा में उत्तर दें। उत्तर साफ राइटिंग में लिखें और प्रजेंटेशन पर ध्यान दें। जरूरत के अनुसार हैडिंग और सब हैडिंग बनाएं, समय के अनुसार शब्द लिखने का प्रयास करें। कई बार छात्र अच्छी तैयारी होने के बाद भी डिप्रेशन में आ जाते हैं। इस कारण उनका रिजल्ट बिगड़ जाता है। इसलिए टेंशन फ्री होकर पढ़ाई करें।
परीक्षा से पहले आत्मविश्वास बनाकर जाते हैं। परीक्षा के दौरान नींद भी पूरी लेते हैं, ताकि तनाव हावी न हो। कोर्स के जो चैप्टर छूट गए हैं, उन पर ज्यादा ध्यान नहीं दे रही क्योंकि उनके चक्कर में जो चैप्टर वे पढ़ चुके हैं। उनकी भी तैयारी ठीक से नहीं हो पाएगी।
– आरती कुशवाहा, बीए प्रथम वर्ष
परीक्षा की तैयारी टाइम टेबल के हिसाब से कर रही हूं। इससे पढ़ाई का दबाव नहीं बढ़ेगा। तैयारी भी अच्छी तरह से हो पाएगी। परीक्षा देते समय विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की चिंता नहीं करना चाहिए। धैर्य के साथ परीक्षा देने से पेपर अच्छा जाता है।
– आरजू, बीए द्वितीय वर्ष
इस बार परीक्षा में अच्छे अंक लाने के लिए दस घंटे से अधिक समय तक पढ़ाई कर रही हूं, इससे परीक्षाओं में किसी प्रकार की चिंता नहीं है। प्रवेश लेने के बाद से ही पढ़ाई ठीक से की है। परीक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की चिंता नहीं है। तैयारी होने से पेपर ठीक जाएगा।
– दीक्षा, बीएससी प्रथम वर्ष
पढ़ाई के लिए किसी भी प्रकार का दबाव नहीं है, पढने के लिए घर में आवश्यक माहौल मिल रहा है। इसके अलावा परीक्षा के दौरान पहले प्रश्न को समझती हूं फिर उत्तर लिखना प्रारंभ करती हूं।
– नीलम यादव, एमए द्वितीय वर्ष
परीक्षा कार्यक्रम की घोषणा होते ही इसकी तैयारी कर रहीं हूं। परीक्षाओं को लेकर विद्यार्थियों को केवल परीक्षा की ही तैयारी करना चाहिए।
– प्रियंका वर्मा
पिछली परीक्षाओं में भी अच्छे अंक प्राप्त किए थे। इस बार और अधिक पढ़ाई कर बेहतर अंक हासिल कर अपने लक्ष्य की प्राप्ति करने का प्रयास करुंगी।
– शिखा पंथ, एमए द्वितीय वर्ष