- लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना आर्टिलरी रेजिमेंट में अधिकारी बने हैं
- मिजोरम के मुख्यमंत्री जोरामथांगा ने ट्विटर पर साझा की तस्वीर
छोटे कद-काठी के लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना (Lt. Lalhmachhuana) सोशल मीडिया पर खूब चर्चित हो रहे हैं. वो पिछले हफ्ते ही आर्टिलरी रेजिमेंट में अधिकारी बने हैं. मिजोरम के मुख्यमंत्री जोरामथांगा ने उनकी तारीफ करते हुए 14 जून को एक ट्वीट किया है. ट्वीट में उन्होंने दो फोटो भी पोस्ट किए हैं. पहली फोटो में लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना अकेले दिख रहे हैं. जबकि दूसरी तस्वीर में वो दो अन्य साथियों के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं. लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना के बुलंद हौसले की तारीफ करते हुए मुख्यमंत्री जोरामथांगा ने लिखा है कि मिजोरम को अपने लेफ्टिनेंट पर गर्व है.
उन्होंने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा, ‘मिजोरम को गर्व है अपने खुद के लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना पर, जो उत्तरी राम्ह्लून (Ramhlun) में रहने वाले लालसंगवेला (Lalsangvela) के बेटे हैं. लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना को भारतीय सेना की प्रतिष्ठित आर्टिलरी रेजिमेंट में अधिकारी बनाया गया है.’
हालांकि लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना की असली हाइट कितनी है, फिलहाल इस बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है. लेकिन इस छोटे कद के अधिकारी को देखकर सेना के लिए तैयारी कर रहे कई युवकों में जोश दिख रहा है. वो इस ट्वीट को रिट्वीट कर रहे हैं और लेफ्टिनेंट लालह्माछुआना की मेहनत की प्रशंसा कर रहे हैं.
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13 जून को हुई थी पासिंग आउट परेड
13 जून को देहरादून की भारतीय सैन्य अकादमी में प्रशिक्षु अधिकारियों की पासिंग आउट परेड हुई. सादगी के साथ आयोजित पासिंग आउट परेड में नए अधिकारियों के परिजन शामिल नहीं हो पाए. हालांकि, सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे और अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में ऐसा पहली बार हुआ, जब पासिंग आउट परेड के बाद नए अधिकारियों को सीधे यूनिट में तैनाती दे दी जाएगी. इस संबंध में आजतक से खास बातचीत में आईएमए के कमांडेंट लेफ्टिनेंट जनरल जेएस नेगी ने कहा कि यहां से पासआउट होने वाला हर ऑफिसर बहुत मोटिवेटेड होता है.
उन्होंने कहा कि वह सरहद पर हर तरह के हालात के लिए तैयार होता है. अभी तक के हर युद्ध में यहां से निकले अधिकारियों ने अपनी क्षमता का लोहा मनवाया है. लेफ्टिनेंट जनरल नेगी ने कहा कि पासिंग आउट परेड में लगभग 400 कैडेट पास आउट होकर अपने अपने देश की सेना में शामिल हुए. देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी में देश-विदेश के जेंटलमैन कैडेट प्री-मिलिट्री ट्रेनिंग प्राप्त करते हैं. लेफ्टिनेंट जनरल नेगी ने बताया कि पासिंग आउट परेड में देश-विदेश के कुल 423 जेंटलमैन कैडेट्स ने शिरकत की. इनमें 333 युवा सैन्य अधिकारी भारतीय थलसेना को मिले, जबकि अफगानिस्तान समेत नौ मित्र देशों को भी 90 सैन्य अधिकारी मिलेंगे.
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इस बार भी अफगानिस्तान को सबसे अधिक 48 अफसर मिले. वहीं, तजाकिस्तान के 18 और भूटान के 13 कैडेट भी अकादमी से पास आउट हो हुए. कुल मिलाकर मित्र देशों को भारतीय सैन्य अकादमी से मिलने वाले युवा अधिकारियों की संख्या बढ़कर 2503 हो गई.

