Atmanirbhar Bharat: धमतरी के 11 साल के राजू ने अपनी उम्र के बराबर के बच्चों को गाना-बजाना सिखाया. शादी-पार्टी में परफॉर्म कर होने वाली कमाई से बच्चों की स्कूल की फीस और अन्य खर्च हो रहे पूरे.
Atmanirbhar Bharat: धमतरी के 11 साल के राजू ने अपनी उम्र के बराबर के बच्चों को गाना-बजाना सिखाया. शादी-पार्टी में परफॉर्म कर होने वाली कमाई से बच्चों की स्कूल की फीस और अन्य खर्च हो रहे पूरे.
धमतरी के मकई तालाब के किनारे बसे हुए स्लम बस्ती में रहने वाला राजू अन्य बच्चों से एकदम अलग है. कक्षा 6वीं में पढ़ने वाला राजू एक बैंड ग्रुप का लीडर है. इस हाफ टिकट उम्र वाले ग्रुप में एक लड़का तो दूसरी कक्षा पढ़ता है. मतलब सिर्फ 6 बरस का है. इस ग्रुप में कुल 9 बच्चे हैं, और सभी ढोल या बाजा बजाना जानते हैं. ग्रुप लीडर राजू ने खुद किसी तरह पैसे जमा करके बाजा वगैरह खरीदा. खुद से बजाना भी सिख गया. इसके बाद अपने पड़ोस के दोस्तों को इकट्ठा कर उन्हें भी बजाना सिखाया और 9 लोगों की एक टीम खड़ी कर दी.
शादी-पार्टी से हो रही कमाई
ग्रुप लीडर राजू का कहना है कि उसकी टीम स्थानीय शादियों, सगाई, जन्मदिन जैसे छोटे छोटे आयोजन में अपना परफॉर्मेंस देती है, जिससे इन्हें प्रति ऑर्डर 1200 रुपये तक कि कमाई होती है. इसके साथ ही बच्चों में म्यूजिक स्किल भी डेवलप हो रहा है. राजू का कहना है कि वो बड़ा होकर एक धूमाल पार्टी खड़ा करेगा. इसके लिए परिवार के लोगों का भी समर्थन उसे मिल रहा है.