भोपाल, ब्यूरो। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आज वीर बाल दिवस कार्यक्रम गुरुद्वारा नानकसर पहुंचे। उन्होंने कहा कि बचपन से मैंने एक शहादत की कविता पढ़ी थी, छोटे साहबजादों की शहादत। उन्होंने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया। कभी भी डर और भय उनके चेहरे पर नहीं आया: CMसचमुच में आज का दिन असली वीर बाल दिवस है। इसलिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने तय किया और मध्यप्रदेश में हमने भी तय किया कि 21 से लेकर 26 जनवरी तक हर साल वीर बाल दिवस मनाया जायेगा। इस दौरान शिवराज ने ओजपूर्व रचना भी सुनाई।
कहीं पर्वत झुके भी है, कहीं दरिया रुकी भी है।
नहीं झुकती जवानी है, नहीं रुकती रवानी है।।
गुरु गोविन्द के बच्चे, उम्र में थे अभी कच्चे।
पर वे सिंह बच्चे, धर्म ईमान के सच्चे।
गरज कर बोल उठे वे यो, सिंह मुख खोलते थे ज्यों ।
https://twitter.com/CMMadhyaPradesh/status/1607325772397551616?s=20&t=cVfSJteq1G4c6tFJT2Aeww