पश्चिम बंगाल के पूर्वी मिदनापुर जिले के दीघा स्थित जगन्नाथ मंदिर परिसर को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। मंगलवार को घोषणा करते हुए बताया गया कि मंदिर परिसर को अब हिंदू धर्म के चार पवित्र धामों में शामिल नहीं माना जाएगा और इसका नाम बदलकर ‘श्रीश्री जगन्नाथ सांस्कृतिक केंद्र’ रखा जाएगा।बताया गया कि इस बदलाव को राज्य कैबिनेट की मंजूरी मिल चुकी है। साथ ही एचआईडीसीओ के माध्यम से टेंडर प्रक्रिया और आवश्यक सरकारी फंड भी स्वीकृत कर दिए गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, जिस हिस्से में भगवान जगन्नाथ की पूजा-अर्चना होगी, उसे ‘श्री जगन्नाथ देव मंदिर’ के नाम से जाना जाएगा, जबकि पूरे परिसर की पहचान सांस्कृतिक केंद्र के रूप में होगी।इस मुद्दे पर ओडिशा सरकार की ओर से भी संवाद हुआ है। बताया गया कि पुरी से भाजपा सांसद संबित पात्रा, ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी का पत्र लेकर प्रतिनिधि के रूप में पहुंचे थे। इस फैसले के बाद दीघा स्थित जगन्नाथ परिसर को लेकर नई प्रशासनिक और सांस्कृतिक व्यवस्था लागू की जाएगी।