दिलचस्प बात ये है कि फाइजर ने सबसे पहले अपनी वैक्सीन के 90 प्रतिशत तक कामयाब होने का दावा किया, तो अगले ही दिन रुस की स्पूतनिक वी ने दावा किया कि उनकी वैक्सीन 92 प्रतिशत तक कोरोना भगाने में कारगर है. हालांकि फाइजर वैक्सीन के माइनस 70 डिग्री सेंटिग्रेट पर स्टोरेज करने को एक चुनौती माना जा रहा है.

