
लॉकडाउन में वापस लौटे हुए मजदूरों को रोजगार देने की योजना शुरू. (फाइल फोटो)
नई दिल्ली:
लॉकडाउन में महानगरों से उत्तर प्रदेश वापस आए मजदूरों और कामगारों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को ‘आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश रोजगार अभियान’ शुरू कर दिया. पीएम मोदी (PM Modi) ने इसकी घोषणा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए की. पीएम मोदी न यहां रिमोट दबाकर इस योजना का शुभारंभ किया. उनके साथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी जुड़े.
सीएम आदित्यनाथ योगी ने बताया कि राज्य में वापस आए प्रवासी मजदूरों को होम क्वारंटीन में रखा जा रहा है, क्वारंटीन अवधि खत्म होने के बाद मजदूरों के लिए पर्याप्त संख्या में नौकरी देने के लिए योजना तैयार की गई है. इसके लिए इन श्रमिकों की स्किल मैपिंग की गई है. कोविड-19 महामारी (COVID Outbreak) के बीच देशभर में लागू लॉकडाउन (Lockdown) के चलते उत्तर प्रदेश में लगभग 35 लाख से ज्यादा मजदूर घर वापस लौटे हैं. वर्तमान में उत्तर प्रदेश के 31 जिलों में 25,000 वापस लौटे हुए प्रवासी मजदूर हैं.
इस योजना को लेकर सरकार का कहना है कि इन मजदूरों के लिए उनके गृह राज्य और घर के आस-पास ही रोजगार उपलब्ध कराने के लिए युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है. मजदूरों की हितों की सुरक्षा के लिए एक आयोग का भी गठन किया गया है.
LIVE: PM Shri @narendramodi launches Aatmanirbhar Bharat Rojgar Yojana in Uttar Pradesh. https://t.co/Ssgya15JBq
— BJP (@BJP4India) June 26, 2020
केंद्र की मोदी सरकार की इस योजना में इन वापस लौटे हुए मजदूरों को रोजगार देने, स्थानीय बिजनेस को प्रमोट करने और औद्योगिक संस्थानों के साथ पार्टनरशिप कर रोजगार के अवसर बढ़ाने का लक्ष्य है. प्रधानमंत्री इस उद्घाटन कार्यक्रम में राज्य के छह जिलों के ग्रामीणों से भी बात की. कुछ ऐसे लोगों को इस कार्यक्रम से जोड़ा गया, जो अपना खुद का उद्यम शुरू किया है. इन जिलों के गांवों को इस प्रोग्राम से सामुदायिक केंद्रों और कृषि विज्ञान केंद्र से जोड़ा गया, जिसमें सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया गया है.
पीएम मोदी ने इन छोटे उद्यमियों से बात करते हुए कहा कि देश की सभी सरकारों को इन्ही लोगों से सीखना चाहिए. इन लोगों ने आपत्ति को अवसर में बदला है और हमें भी यही करना है.

