प्योंगयांग: उत्तर कोरिया (North Korea) के तानाशाह किम जोंग उन (Kim Jong Un) को लेकर एक बार फिर कयासों का दौर शुरू हो गया है. इस बार वजह है राजधानी प्योंगयांग से उनके दादा किम II सुंग (Kim Il Sung) और पिता किम जोंग इल के विशालकाय पोर्ट्रेट्स को अचानक हटाया जाना. NK न्यूज़ के अनुसार, पोर्ट्रेट्स को बिना किसी सूचना के हटा दिया गया और इसका कारण भी किसी को ज्ञात नहीं है. वहीं, डेली एक्सप्रेस ने पत्रकार रॉय कैली (Roy Calley) के हवाले से बताया है कि किम जोंग इल की एक प्रतिमा भी खंडित कर दी गई है. जिस मुख्य स्क्वायर पर ये पोर्ट्रेट्स लगे थे, वह किम के दादा किम II सुंग के नाम पर है और उसे अंतिम बार 2012 में किम जोंग इल की मृत्यु के बाद रिनोवेट किया गया था. ऐसे में पोर्ट्रेट्स को हटाना कई सवाल खड़े करता है.
कैली का कहना है कि उत्तर कोरिया की परंपराओं के अनुसार, जीवित रहते तानाशाह किम जोंग का कोई पोर्ट्रेट या प्रतिमा ऐसे नहीं लगाई जा सकती. लिहाजा पुराने पोर्ट्रेट्स को हटाने से यह सवाल उत्पन्न हो गया है कि क्या किसी नए पोर्ट्रेट के लिए जगह बनाने के इरादे से ऐसा किया गया है? NK न्यूज के मुताबिक, सैटेलाइट तस्वीरों से पता चलता है कि स्क्वायर के उस प्लेटफ़ॉर्म को ध्वस्त कर दिया गया है, जहां से वरिष्ठ अधिकारी सैन्य परेड देखा करते थे. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि स्क्वायर के पश्चिम की ओर से वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया गया है.
पहले भी चला था दौर
गौरतलब है कि अप्रैल में, तानाशाह किम जोंग की मौत की अटकलें लगाई जा रही थीं. यह कहा गया था कि शायद किसी बीमारी के चलते किम की मौत हो गई है, लेकिन सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए 2 मई को किम का एक वीडियो सामने आया, जिसमें वह प्योंगयांग स्थित एक फैक्ट्री का उद्घाटन करते नजर आए. हालांकि इसके कुछ दिन बाद ही यह दावे किये जाने लगे कि जिस शख्स को किम के तौर पर पेश किया गया है वो उनका बॉडी डबल है.
इन्हें मिलेगी सत्ता की बागडोर
अब यह कहा जा रहा है कि किम की पहले ही मौत हो चुकी है. जानकारों का कहना है कि यदि किम जोंग की वास्तव में मौत हो गई है तो किम यो जोंग (Kim Yo Jong) उनकी विरासत संभाल सकती हैं. 15 मई को यह बात सामने आई थी कि किम ने अपनी सुरक्षा और देश की सैन्य खुफिया एजेंसी के प्रमुख को बर्खास्त कर दिया है. कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया कि उत्तर कोरियाई नेता ने सुप्रीम गार्ड के कमांडर को भी निकाल दिया था, जो 2010 से किम की व्यक्तिगत सुरक्षा का ध्यान रख रहा था.

