Shiv Sena says, PM Modi doing bhoomi pujan for Ram temple a golden moment – शिवसेना का अशोक गहलोत को संदेश, अमित शाह भले ही आइसालेशन में हैं लेकिन…

शिवसेना ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए राजस्‍थान के CM अशोक गहलोत को संदेश भी दिया है

खास बातें

  • पार्टी ने अपने मुखपत्र सामना में कहीं यह बात
  • राममंदिर के बहाने इशारों-इशारों में बीजेपी पर साधा निशाना
  • कहा-पीएम के लिए इससे स्‍वर्णिम पल नहीं हो सकता

मुंंबई:

Ram Mandir Bhoomi Pujan: ‘अयोध्या में राम मंदिर के ‘भूमि पूजन’ समारोह (Ram Mandir Bhoomi Pujan)के मद्देनजर पूरा देश उत्साहित और भक्तिमय है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) के लिए मंदिर निर्माण कार्य (Ram temple in Ayodhya)का शुभारंभ करने से बेहतर कोई स्‍वर्णिम पल नहीं हो सकता.’ यह बात शिवसेना (Shiv Sena) ने मंगलवार को कही. शिवसेना ने अपने मुखपत्र ‘सामना’ (Shiv Sena mouthpiece ‘Saamana) के संपादकीय में कहा है, ‘देश में COVID-19 संकट व्याप्त है, लेकिन यह भगवान शिव के आशीर्वाद से गायब हो जाएगा.’  बुधवार को उत्तर प्रदेश की अयोध्या नगरी में आयोजित होने वाला यह समारोह कुछ “फीका” होगा क्योंकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Home Minister Amit Shah) इसमें शामिल नहीं हो पाएंगे.

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गौरतलब है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को बताया था कि प्रारंभिक लक्षण दिखाने के बाद उन्‍होंने कोरोना टेस्‍ट कराया और इसमें वे पॉ‍जिटिव पाए गए हैं. शाह ने कहा था कि उनका स्वास्थ्य ठीक है और वह डॉक्टरों की सलाह पर अस्पताल में भर्ती हो रहे हैं. शिवसेना ने कहा कि यह उनके (अमित शाह के) शीघ्र स्वस्थ होने के लिए प्रार्थना कर रही है. पार्टी ने, हालांकि इशारों-इशारों में निशाना साधते हुए कहा कि शाह क्‍वारंटाइन हैं, फिर भी राजस्थान में अशोक गहलोत सरकार (Ashok Gehlot government in Rajasthan) पर संकट मंडरा रहा है. मुखपत्र ‘सामना’ ने दावा किया, “गहलोत के खुश होने का कोई कारण नहीं है कि अमित शाह अलग-थलग हैं क्योंकि भाजपा नेता ‘राजनीतिक सर्जरी’ करते हैं.

“शिवसेना ने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी खुद अयोध्या जाकर ‘भूमि पूजन’ करेंगे.”इसमें कहा गया है कि राम मंदिर निर्माण अभियान से जुड़े प्रमुख नेता लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी, दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मंदिर निर्माण का गवाह बनेंगे. आडवाणी और जोशी को सलाह दी गई कि वे अपनी आयु और अयोध्या में COVID-19 के प्रकोप को देखते हुए समारोह में न जाएं. शिवसेना ने कहा कि अभियान से जुड़ी एक अन्य फायरब्रांड नेता उमा भारती, कोविड​​-19 के मद्देनजर इस समारोह में शामिल नहीं होंगी और सरयू के तट से समारोह देखेंगी. पार्टी ने कहा है कि भूमि पूजन ‘समारोह को देखते हुए देश उत्साहित है और देश के प्रधानमंत्री के लिए (मंदिर निर्माण के लिए) इससे बेहतर कोई दूसरा स्वर्णिम क्षण नहीं हो सकता.’ पार्टी ने दावा किया कि कोरोना वायरस का प्रकोप बढ़ रहा है. यह अयोध्या, उत्तर प्रदेश और पूरे देश में फैल गया है. यह संकट, भगवान राम के आशीर्वाद से भी दूर हो जाएगा.

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(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)


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