छतरपुर। आदिवासियों के समर्थन में चल रहे “चीता सत्याग्रह” में पहुंचे Jitu Patwari ने प्रदेश सरकार और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि विकास और परियोजनाओं के नाम पर आदिवासियों की जमीन छीनी जा रही है, लेकिन उन्हें न्याय और उचित मुआवजा नहीं मिल रहा।
जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि लाखों पेड़ों की कटाई और हजारों एकड़ जमीन अधिग्रहण के बावजूद असली प्रभावित परिवारों को उनका हक नहीं मिल रहा है। उन्होंने दावा किया कि मुआवजे में बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार हुआ है और भाजपा से जुड़े लोग तथा भ्रष्ट अधिकारी फर्जी तरीके से लाभ उठा रहे हैं।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि सरकार आंदोलन और आदिवासियों की पीड़ा को जनता से छिपाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन उन्हें प्रभावित ग्रामीणों और आदिवासी परिवारों से मिलने से रोक रहा है, जो लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है।
पटवारी ने मुख्यमंत्री Mohan Yadav से परियोजना की समीक्षा करने और प्रभावित परिवारों को “जमीन के बदले जमीन” तथा “घर के बदले घर” देने की मांग की।उन्होंने कहा कि कांग्रेस आदिवासियों की लड़ाई पूरी ताकत से लड़ेगी और जरूरत पड़ी तो बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा। पटवारी ने संकेत दिए कि आने वाले समय में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भी इस आंदोलन में शामिल हो सकते हैं।
बाइट, जीतू पटवारी, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष