वॉशिंगटन: कोरोना (Coronavirus) के बढ़ते खतरे के बीच अमेरिकी बायोटेक कंपनी मॉडर्ना (Moderna) ने बच्चों के लिए वैक्सीन (Vaccine) विकसित करने पर काम शुरू कर दिया है. कंपनी ने ऐलान किया कि बच्चों के लिए वैक्सीन का ट्रायल शुरू हो गया है. इसमें 6 महीने से लेकर 12 वर्ष के बच्चों को शामिल किया गया है. इससे पहले, कंपनी ने वैक्सीन का मानव परीक्षण 12-17 आयुवर्ग के बच्चों पर किया था, लेकिन उसके नतीजों की घोषणा अब तक नहीं की गई है. बता दें कि दुनिया के अधिकांश देशों में कोरोना की रफ्तार फिर से तेज हो गई है.
लगाए जाएंगे दो Dose
Moderna ने बताया कि उसने अपने COVID-19 वैक्सीन, mRNA-1273 के लिए छह महीने से लेकर 12 साल तक के बच्चों पर स्टडी शुरू कर दी है. इस ट्रायल में अमेरिका और कनाडा (United States and Canada) के 6,750 बच्चों को शामिल किया गया है. स्टडी के दौरान वैक्सीन mRNA-1273 की सुरक्षा और प्रभाव का अध्ययन किया जा रहा है. कंपनी ने आगे कहा कि मानव परीक्षण में शामिल हर बच्चे को 28 दिन के अंतराल पर दो डोज लगाए जाएंगे, ठीक वैसे ही जैसे कि वर्तमान में वैक्सीन लेने वाले वयस्कों को लगाए जा रहे हैं.
एक साल तक होगी Monitoring
मॉडर्ना ने अपनी रिसर्च को दो हिस्सों में करने की बात कही है. पहले हिस्से में 2-12 साल के बच्चे शामिल होंगे और उन्हें दो डोज लगाए जाएंगे. हर डोज 50 या 100 माइक्रोग्राम का होगा. जबकि 2 साल से कम उम्र के बच्चों को 25, 50 या 100 माइक्रोग्राम के दो डोज दिए जा सकते हैं. शोधकर्ता वैक्सीन के असर को जांचने के लिए दूसरे टीकाकरण के बाद प्रतिभागियों की एक साल मॉनिटरिंग भी करेंगे. उसके बाद अंतिरम विश्लेषण इस बात का पता लगाने के लिए किया जाएगा कि सबसे अच्छा डोज हर ग्रुप के लिए क्या हो सकता है.
इसलिए जरूरी है Corona Vaccine
बच्चों के कोरोना संक्रमित होने का खतरा कम रहता है, लेकिन वह दूसरों तक वायरस पहुंचा सकते हैं. इसलिए वैज्ञानिक चाहते हैं कि बच्चों के लिए भी कोरोना वैक्सीन तैयार की जाए, ताकि संक्रमण के फैलने की आशंका को बेहद सीमित किया जा सके. इसी को ध्यान में रखते हुए अमेरिकी कंपनी ने ट्रायल शुरू कर दिया है. बता दें कि मॉडर्ना की दो डोज वाली वैक्सीन COVID-19 के खिलाफ अमेरिका में इस्तेमाल के लिए स्वीकृत तीन टीकों में से एक है. दो अन्य वैक्सीन में फाइजर-बायोएनटेक और जॉनसन एंड जॉनसन की सिंगल डोज वाली को वैक्सीन हैं.

