WHO says India in talks to join COVAX corona vaccine allocation plan | कोरोना महामारी से जंग में WHO के इस अभियान से जुड़ेगा भारत

जिनेवा: कोरोना वायरस (CoronaVirus) से निपटने के भारतीय प्रयासों की कई मौकों पर तारीफ कर चुका विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) चाहता है कि भारत (India) उसके महत्वकांक्षी COVAX अभियान का हिस्सा बने. इसके लिए WHO द्वारा भारत से बातचीत भी की जा रही है.
कोरोना वायरस वैक्सीन के आवंटन के लिए WHO संयुक्त रूप से COVAX अभियान पर काम कर रहा है. विश्व स्वास्थ्य संगठन के वरिष्ठ सलाहकार ब्रूस आयलवर्ड (Bruce Aylward) ने प्रेस ब्रीफिंग के दौरान कहा कि दुनिया के सभी देशों की तरह भारत भी निश्चित रूप से COVAX फैसिलिटी का हिस्सा बनने का पात्र है. इस विषय को लेकर लेकर हमारी नई दिल्ली से बातचीत जारी है. हम इस फैसिलिटी में भारतीय भागीदारी का स्वागत करेंगे.

क्या है COVAX का उद्देश्य?
WHO और GAVI वैक्सीन अलायंस COVAX फैसिलिटी का नेतृत्व कर रहे हैं. इसका उद्देश्य दुनियाभर में कोरोना वैक्सीन की खरीद और उसे वितरित करने में मदद करना है. हालांकि, अमेरिका सहित कई देश इस अभियान में शामिल नहीं हुए हैं. उन्होंने वैक्सीन बना रही कंपनियों के साथ सीधा समझौता कर अपने लिए आपूर्ति सुरक्षित कर ली है. WHO की कोशिश है कि हर किसी की वैक्सीन तक आसान पहुंच हो, ताकि कोरोना वायरस से लड़ाई में पूरी सफलता मिल सके. इसलिए इस अभियान को आकार दिया गया है.

इधर, एक और अच्छी खबर
इस बीच एक वैक्सीन को लेकर एक और अच्छी खबर मिली है. रूस की वैक्सीन स्पूतनिक-वी (Sputnik-V) के अंतिम फेज का क्लिनिकल ट्रायल इस महीने से भारत में शुरू होगा. रशियन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट फंड के सीईओ किरिल दिमित्रिज (Kirill Dmitriev) ने कहा कि वैक्सीन का क्लिनिकल ट्रायल भारत सहित यूएई, सऊदी अरब, फिलीपींस और ब्राजील में इस महीने से शुरू हो जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि वैक्सीन के तीसरे चरण के ट्रायल के प्राथमिक परिणाम अक्टूबर-नवंबर में जारी किये जायेंगे. 

अब जनता को मिलेगी 
रूस इसी हफ्ते से कोरोना वायरस वैक्सीन स्पूतनिक-वी को आम जनता के लिए उपलब्ध कराने जा रहा है. राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने 11 अगस्त को इस वैक्सीन को लॉन्च किया था. रशियन एकेडमी ऑफ साइंस के डेप्युटी डायरेक्टर डेनिस लोगुनोव (Denis Logunov) के मुताबिक, स्पूतनिक-वी वैक्सीन को स्वास्थ्य मंत्रालय की अनुमति के बाद व्यापक उपयोग के लिए जारी किया जाएगा. मंत्रालय इस वैक्सीन का टेस्ट कुछ दिनों में शुरू करने जा रहा है और हम जल्द इसकी अनुमति हासिल कर लेंगे.  

 




Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here