छतरपुर। सटई में जर्जर एवं कंडम सरकारी भवनों और डॉक्टर क्वार्टरों को गिराए जाने का मामला चर्चा में है। नगर परिषद अध्यक्ष पति राजेश शर्मा के अनुसार, पूर्व कलेक्टर के कार्यकाल और टीएल बैठकों में दिए गए निर्देशों के तहत जर्जर भवनों को चिन्हित कर ध्वस्त करने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने बताया कि पीडब्ल्यूडी के डॉक्टर क्वार्टर, जहां डॉक्टर नरेश त्रिपाठी रह रहे हैं, सहित अन्य जर्जर भवनों को लेकर प्रशासनिक स्तर पर चर्चा की जा रही है। नए अस्पताल और डॉक्टर क्वार्टर बनकर तैयार हैं। ऐसे में पुराने भवनों को खाली कर नए परिसर में शिफ्ट होने की बात कही जा रही है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना और जनहानि से बचा जा सके। राजेश शर्मा ने आरोप लगाया कि कुछ लोग इस मामले में भ्रम फैला रहे हैं। उनका कहना है कि नए आवास तैयार हैं और सभी को सुरक्षित स्थानों पर रहना चाहिए। हालांकि, पुराने सरकारी आवास को खाली कराने और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को लेकर उठे सवालों पर प्रशासनिक स्थिति स्पष्ट होना बाकी है। वही मामले में बिजावर एसडीएम आईएएस ऋषिकेश विजय ठाकरे ने संज्ञान लिया है। एसडीएम ने नगर परिषद सटई से तीन दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण मांगा है।
बाइट, राजेश शर्मा नगर परिषद अध्यक्ष पति


