नई दिल्ली: जाकिर नाइक जैसे लोगों की जहरीली सलाह पर काम ना सिर्फ भारत में बल्कि विदेशों में भी शुरू हो चुका है. इसे आप एक ताजा सबूत से समझिए. ये सबूत है वो घटना, जो UAE में पिछले 10 साल से रह रहे भारतीय, अखिलेश पाण्डेय के साथ हुई है. मैकेनिकल इंजीनयर अखिलेश पाण्डेय को पिछले साल अक्टूबर में इस खाड़ी देश में गिरफ्तार कर लिया गया और उन्हें 15 वर्ष के लिए जेल भेज दिया गया. उनपर UAE और वहां के धर्म इस्लाम के खिलाफ बोलने का आरोप लगाया गया है. इसके अलावा अखिलेश पर 500 हजार दिरहम यानी करीब 1 करोड़ रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है.
UAE में अखिलेश पाण्डेय की पत्नी अंकिता अपनी दो साल की बच्ची के साथ इंसाफ की गुहार लगा रही हैं. पिछले दिनों ये बच्ची बीमार थी और इसके इलाज में भी मुश्किल आई क्योंकि परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य इस समय जेल में है. अखिलेश उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के रहने वाले हैं. इस खबर को सुनने के बाद गोरखपुर में रह रहे उनके माता-पिता भी काफी परेशान हैं.
अंकिता के पति पर जिन लोगों ने इस्लाम धर्म के खिलाफ बोलने का आरोप लगाया है,वो चारों एक ही धर्म के हैं. अंकिता चाह कर भी उनके नाम नहीं ले सकतीं.
लेकिन, हम आपको उनके नाम बता देते हैं, जिससे आपको पता चल जाएगा कि वो कौन लोग हैं. उनके नाम हैं अब्दुल मुनीम, जो कि सूडान का नागरिक है. इनमें पाकिस्तानी नागरिक माजिद राणा राऊफ और दो भारतीय नागरिक मोहम्मद हुसैन खान और मोहम्मे-दुला शेख भी शामिल हैं. अंकिता ने कहा कि इन चारों के पास अपनी बात को साबित करने के लिए कोई सबूत नहीं था. सूडान के नागरिक अब्दुल मुनीम ने अखिलेश पर UAE और इस्लाम धर्म के अपमान का आरोप लगाया और गवाही में इन तीन लोगों को खड़ा कर दिया.
अखिलेश ने बार-बार गुहार लगाई कि उस जगह की CCTV फुटेज को भी देखा जाए, जहां ये घटना हुई, लेकिन ऐसे सबूतों की जगह इन चारो लोगों की गवाही को सच मानकर अखिलेश को जेल भेज दिया गया.
और इस तरह से, चार लोगों के सुने-सुनाए आरोप के आधार पर ये मान लिया गया कि अखिलेश पाण्डेय ने UAE और इस्लाम का अपमान किया.
देखें DNA-
जाकिर नाइक जैसा जहरीला उपदेशक इन्हीं लोगों के भरोसे नफरत का डाटाबैंक तैयार करने की बात करता है. यानी गैर-मुस्लिमों की जो लिस्ट तैयार करने की बात आपने मंगलवार को सुनी, वो इन लोगों तक बहुत पहले ही पहुंच चुकी थी. और इन सबके पीछे वजह सिर्फ ये है कि ऐसे लोग जेहाद का सच स्वीकार नहीं करना चाहते.
UAE के अबु धाबी फेडरल कोर्ट ने अखिलेश को जो सजा सुनाई थी, उसके खिलाफ वहां के सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की गई है. इस मामले में अगले कुछ दिनों में फैसला भी आने वाला है. इस बीच UAE में भारतीय दूतावास लगातार अखिलेश पाण्डेय के परिवार से संपर्क में है. उम्मीद की जानी चाहिए कि इस भारतीय परिवार के साथ न्याय होगा.


