नई दिल्ली: चीन ने कोरोना पर हुई मौतों के मामले में दुनिया से झूठ बोला है. उसने कोरोना के मामलों के सही आंकड़े नहीं बताए. चीन ने चोरी-छिपे लाशों को ठिकाने लगाया. कोरोना पर अपने गुनाह छिपाने की साजिश की. चीन में 80 लाख मोबाइल यूज़र गायब हुए. चीनी मूल की न्यूयॉर्क में रहने वाली ब्लॉगर और पत्रकार जेनिफर जेंग (Jennifer Zeng) ने यह दावा किया है. ZEE NEWS से खास बातचीत में जेनिफर ज़ेंग ने कहा कि चीन ने कोरोना का सच छिपाने की हर संभव कोशिश की. वुहान में रात के अंधेरे में लाशें दफनाई गईं. वुहान में चोरी छिपे लाशों को दबाया गया. जनवरी-फरवरी 2020 में चीन के 80 लाख मोबाइल यूज़र कम हुए. वुहान के ज्यादातर अपार्टमेंट में अंधेरा छाया हुआ है.
उन्होंने कहा कि चीन ने कोरोना से जुड़े कई सबूतों को नष्ट किया. चीन में इतनी बड़ी घटना होने के बावजूद विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की रहस्यमयी चुप्पी शक पैदा करती है. WHO चीन की राजनीतिक पार्टी की तरह काम कर रहा है.
कौन हैं जेनिफर ज़ेंग?
न्यूयॉर्क की ब्लॉगर राइटर हैं
1966 में चीन के सिचुआन प्रांत में जन्म
1991 में बीजिंग यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट
जियोकेमेस्ट्री में मास्टर ऑफ साइंस की डिग्री
चीन की कम्युनिस्ट पार्टी के झूठ और अपराधों का पर्दाफाश किया
‘फ्री चाइना’ नाम से मशहूर किताब लिखी
देश दुनिया की घटनाओं पर यूट्यूब वीडियो बनाती हैं
खबरों पर लेख और कमेंट्री करती हैं
2003 में ऑस्ट्रेलिया ने रिफ्यूजी का दर्जा दिया

