periods late karne ki dawa: पीरियड्स लेट करने के लिए गोली खाती हैं, सेहत को हो सकता है गंभीर नुकसान – taking pills to delay periods may cause serious health issues
अगर आप भी कभी दोस्त की शादी तो कभी वकेशन की प्लानिंग की वजह से अक्सर गोली खाकर अपने पीरियड्स डेट से छेड़छाड़ करती हैं तो यह भविष्य में आपकी सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। कैसे, यहां जानें पूरी डीटेल।
Published By Neha Seth | नवभारतटाइम्स.कॉम | Updated:
पीरियड्स लेट करने के लिए गोली खाने के नुकसान
कभी ना कभी आपके साथ भी ऐसा जरूर हुआ होगा कि किसी दोस्त या रिश्तेदार की शादी में जाना हो, बीच वकेशन पर जाना हों या फिर किसी जरूरी इंटरव्यू के लिए जाना हो, आपने अपने पीरियड्स को डीले करने की कोशिश जरूर की होगी, है ना। इसके लिए आपने भी किसी तरह की otc दवा का सेवन किया होगा। इन दवाओं का सेवन करना तो बेहद आसान होता है लेकिन इनके साइड इफेक्ट्स कितने ज्यादा होते हैं, इस बारे में शायद आप नहीं जानती होंगी। पीरियड्स को लेट करने के लिए अगर आप अपने मन से किसी तरह की दवा का सेवन करती हैं तो यह आपके सेहत के लिए कितना नुकसानदेह हो सकता है यहां जानें।
मेन्स्ट्रुअल साइकल होता है प्रभावित
अगर आप कई बार पीरियड्स को लेट करने के लिए गोली खा लेती हैं तो ऐसा करना बंद कर दें क्योंकि इससे आपका मेन्स्ट्रुअल साइकल और प्रजनन संबंधी सेहत पर बुरा असर पड़ता है। अगर आप इसका बहुत ज्यादा सेवन करती हैं तो आपको प्रेग्नेंट होने में भी दिक्कत हो सकती है और बांझपन का खतरा बढ़ जाता है। पीरियड्स साइकल भी बिगड़ जाती है जिससे पीरियड्स समय से पहले या देर से आने लगता है।
माहवारी का दर्द दूर करने के उपाय
ज्यादातर लड़कियों और महिलाओं की समस्या यही होती है कि जैसे ही पीरियड्स शुरू होते हैं उन्हें असुविधा, बेचैनी, दर्द, क्रैम्प्स, हर तरह की परेशानी महसूस होने लगती है। लेकिन अगर पीरियड्स समय पर न आएं तो टेंशन भी होती है कि आखिर पीरियड्स क्यों नहीं आ रहे? कहीं प्रेग्नेंसी तो नहीं, पीसीओडी की दिक्कत तो नहीं, इन्फर्टिलिटी से जुड़ा कोई इशू तो नहीं एक्सट्रा एक्सट्रा एक्सट्रा… लेकिन पीरियड्स की सबसे बड़ी समस्या जिसे हर फीमेल हर महीने एक्सपीरियंस करती है वो है मेन्स्ट्रुअल पेन यानी माहवारी के दौरान होने वाला दर्द।
पीरियड्स के दौरान आपके गर्भाशय की मांसपेशियां सिकुड़ती हैं और फिर रिलैक्स होती हैं ताकि गर्भाशय की दीवार पर तो ब्लड की लाइनिंग बन रही है उसके भार और प्रेशर को कम किया जा सके। चूंकि इस दौरान गर्भाशय की मांसपेशियां लगातार काम कर रही होती हैं इसलिए आपको दर्द और क्रैम्प्स फील होते हैं। कुछ फीमेल्स को तो पीरियड्स के दौरान सिरदर्द, जी मिचलाना, उल्टी आना और डायरिया जैसी दिक्कतें भी हो जाती हैं। ऐसे में पीरियड्स के दर्द को दूर करने के लिए दवा खाने की बजाए दादी मां के ये घरेलू नुस्खे अपनाएं।
1 कप गर्म पानी में अदरक के छोटे से टुकड़े को घिसकर डालें और कुछ देर उबलने के बाद छानकर इस अदरक वाले पानी को गर्म-गर्म ही पिएं। कई स्टडीज में यह बात साबित हो चुकी है कि अदरक, पीरियड्स के दर्द को दूर करने में उतना ही असरदार है जितना ibuprofen टैबलेट। आप चाहें तो पीरियड्स के दिनों में अदरक को 3 दिन तक दिन में 4 बार यूज कर सकती हैं। इससे आपको पीरियड्स पेन से छुटकारा मिलेगा।
सौंफ न सिर्फ माउथ फ्रेशनर का काम करती है बल्कि सेहत के लिए भी कई तरह से फायदेमंद है। सौंफ की ठंडक पेट की कई समस्याओं में राहत दिलाती है। पीरियड्स जब शुरू हों उस दिन से लेकर 3 दिन तक अगर आप हर दिन 30 मिलीग्राम सौंफ का दिनभर में 4 बार सेवन करें तो इससे भी पीरियड्स के दर्द में राहत मिलती है।
हो सकता है कि पीरियड्स के दौरान आपको चिप्स, कुकीज, पेस्ट्रीज जैसी चीजें खाने का मन कर रहा हो लेकिन हम आपको बता दें कि ये चीजें आपके पीरियड्स पेन को कम करने की बजाए और बढ़ा देंगी। लिहाजा जंक फूड से पूरी तरह से परहेज करें और इसकी जगह ओमेगा 3 से भरपूर डायट, फ्रूट्स, नट्स, हरी सब्जियां, साबुत अनाज जैसी हेल्दी चीजें खाएं। इससे भी दर्द दूर होगा।
पीरियड्स के दौरान अगर तेज दर्द हो रहा हो तो पेट और पेट के निचले हिस्से में हल्के हाथों से करीब 20 मिनट तक तिल के तेल से अच्छी तरह से मसाज करें। ऐसा करने से भी दर्द दूर करने में मदद मिलेगी और आपको राहत महसूस होगी।
अगर आप पीरियड्स के दौरान ज्यादा पानी पिएंगी तो इससे ब्लोटिंग यानी पेट फूलने की समस्या दूर होगी। लिहाजा पीरियड्स के दौरान खासकर हर दिन 8-10 गिलास पानी जरूर पिएं। आप चाहें तो इसमें थोड़ा सा नींबू भी डाल सकती हैं। इसके अलावा शरीर में पानी की कमी ना हो इसके लिए पानी के साथ-साथ आप नारियरल पानी, अदरक की चाय, कैमोमाइल टी, वेजिटेबल सूप जैसी लिक्विड चीजों का भी सेवन कर सकती हैं। इससे भी माहवारी के दर्द में राहत मिलेगी।
डीवीटी (वेन्स में क्लॉट) का खतरा
अगर आप पीरियड डीले करने के लिए अक्सर गोलियां खाती हैं तो इससे आपको बेहद गंभीर रोग होने का भी रिस्क कई गुना बढ़ जाता है। इन्हीं में से एक बीमारी है डीवीटी यानी डीप वेन थ्रॉम्बोसिस जिसमें वेन्स में ब्लड क्लॉट हो जाता है। ये ब्लड क्लॉट अगर हार्ट या ब्रेन तक पहुंच जाए तो जान भी जा सकती है।
हो सकती है हेवी ब्लीडिंग
अगर आप पीरियड को लेट करने के लिए गोलियां खाती हैं तो करीब 20 प्रतिशत महिलाओं को गोली खाने के बाद हेवी ब्लीडिंग होने लगती है और ऐसा कुछ दिन या हफ्ते नहीं बल्कि कई महीनों तक जारी रह सकता है। ऐसे में पीरियड्स को लेट करने के लिए गोली खाने से पहले 2 बार जरूर सोच लें।
डायरिया और पेट दर्द की दिक्कत
पीरियड्स लेट करने के लिए गोली खाती हैं तो आपको पेट में दर्द हो सकता है, डायरिया की दिक्कत हो सकती है, क्रैम्प्स की समस्या ज्यादा बढ़ जाती है और कई बार तो वजाइनल ब्लीडिंग भी होने लगती है।
पीरियड्स में हेवी ब्लीडिंग की एक वजह
पीरियड्स हर महीने होते हैं लेकिन फिर भी हर लड़की इन्हें फेस करने के लिए खुद को भावनात्मक रूप से तैयार नहीं कर पाती। सभी लड़कियां कभी ना कभी ये जरूर सोचती हैं ‘क्या आफत हैं ये पीरियड्स’। क्योंकि मूड स्विंग्स से लेकर क्रैम्प्स तक और क्लॉटिंग से लेकर फटीग तक पीरियड्स में कुछ भी फन नहीं होता। हेवी पीरिड्स शारीरिक और मानसिक दोनों तरह से दर्द देनेवाले होते हैं। यहां जानें, क्या हो सकती है पीरियड्स में हेवी ब्लीडिंग की वजह…
सामान्य तौर पर आपको जितनी ब्लीडिंग पीरियड्स के दौरान होती है, अगर इससे अधिक ब्लीडिंग हो रही है तो आप इसे हेवी ब्लीडिंग कहेंगी। ये एक सामान्य तरीका है। वहीं, एक्सपर्ट्स का कहना है कि 80 एमएल तक ब्लड आना नॉर्मल है, इससे अधिक हेवी ब्लीडिंग मानी जाएगी।
हैवी ब्लीडिंग के कारण अलग-अलग हो सकते हैं। लेकिन इन्हीं कारणों में एक कारण होता है आपकी डायट। अगर आप अपनी डायट में कुछ खास चीजों का सेवन सामान्य से अधिक करती हैं तो ये चीजें पीरियड्स के दौरान होनेवाली ब्लीडिंग को बढ़ा सकती हैं। आइए, इनके बारे में जानते हैं…
अगर यह कहें कि ज्यादातर लड़कियों की कमजोरी होती है चॉकलेट तो गलत नहीं होगा। लेकिन अपनी इस फेवरिट स्वीट से आपको पीरियड्सके दौरान परहेज करना चाहिए। हां, मूड स्विंग्स में चॉकलेट मदद करती है लेकिन यह ब्लड फ्लो अधिक होने की वजह भी बन सकती है।
पीरियड्स के दौरान दूध पीने से बचना चाहिए। आपको लगेगा कि दूध तो सेहतमंद है। बिल्कुल दूध सेहतमंद है और गर्म दूध बहुत राहत देता है। लेकिन पीरियड्स में दूध पीने से गैस की दिक्कत हो सकती है। इसलिए अगर दूध लेना हो तो आप इसमें हल्दी डालकर लें।
पीरियड्स के दौरान आपको अपनी ड्रिंक्स और फूड में शहद का उपयोग करने से बचना चाहिए। इसे लें भी तो बहुत सीमित मात्रा में। शहद बॉडी को गर्म रखने में मदद करता है। लेकिन पीरियड्स के दौरान इसकी यही खूबी ब्लड फ्लो को बढ़ा सकती है।
कुछ लोगों का कहना है कि कॉफी पीने से पीरियड्स पेन में राहत मिलती है। ऐसा हो सकता है। क्योंकि हर बॉडी पर एक चीज का असर अलग-अलग होता है। लेकिन अगर आपको हैवी पीरियड्स की दिक्कत है तो आपको इस दौरान कॉफी पीने से बचना चाहिए। आप दूसरी हॉट ड्रिंक्स ले सकती हैं।
सेहतमंद लाइफ के लिए चुकंदर खाने की सलाह दी जाती है। क्योंकि इसमें कैल्शियम, आयरन, विटमिन, पोटेशियम, फॉलिक एसिड और फाइबर्स भरपूर मात्रा में होते हैं। लेकिन पीरियड्स के दौरान इसे खाना या इसका जूस पीना ब्लड फ्लो को बढ़ा सकता है। इसलिए पीरियड्स के दौरान इसके यूज से बचें।
Web Title taking pills to delay periods may cause serious health issues(News in Hindi from Navbharat Times , TIL Network)
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