कोरोना संक्रमण के दौर में फील्ड ड्यूटी करतीं गर्भवती डीएसपी शिल्पा साहू (इनसेट में)
इस कोरोना काल में भी जिस हिम्मत और लगन का परिचय दिया है डीएसपी शिल्पा साहू ने, सब उनकी भरपूर प्रशंसा कर रहे. सीएम भूपेश बघेल ने भी डीएसपी शिल्पा साहू की तारीफ की.
इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद 2016 में डीएसपी बनीं शिल्पा साहू डीआरजी की महिला टीम दंतेश्वरी फाइटर्स को भी लीड करती हैं. नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा के अंदुरुनी इलाके तेलम, टेटम, नीलावाया, गुमियापाल, चिकपाल, मारजुम सहित कई ऐसे इलाके हैं, जहां वे नक्सल ऑपरेशन पर भी जाती हैं. शिल्पा और उनकी पूरी टीम ने माओवादियों द्वारा सुरक्षाबलों को नुकसान पहुंचाने के मंसूबे से लगाए गए आईईडी भी डिफ्यूज किए हैं. इसकी सराहना खुद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कर चुके हैं.
डीएसपी शिल्पा साहू कहती हैं कि संक्रमण की बढ़ती रफ्तार से लोगों के मन में डर बैठ गया है. बावजूद इसके आज भी कई लोग हैं जो बेवजह सड़कों पर घूमते हैं. आज भी लोगों को मास्क लगाने के लिए कहना पड़ता है. इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखते हुए वे खुद ही सड़कों पर उतरकर मोर्चा संभालती हैं.
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज बस्तर संभाग में कोरोना संक्रमण की स्थिति की समीक्षा के दौरान डीएसपी शिल्पा साहू की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने कर्तव्यपरायणता की अनुकरणीय मिसाल प्रस्तुत की है. दंतेवाड़ा कलेक्टर दीपक सोनी ने भी शिल्पा साहू की प्रशंसा करते हुए कहा कि हम सभी एकजुट होकर कोरोना को मात देने के लिए निरन्तर प्रयास कर रहे हैं. सारे कोरोना वॉरियर्स दिन रात मेहनत कर रहे हैं. उनकी मेहनत जाया होने न दें. घर में रहें सुरक्षित रहें.दंतेवाड़ा पुलिस अधीक्षक डॉ अभिषेक पल्लव ने कहा कि शिल्पा साहू बहुत ही बहुत ही बहादुर महिला अधिकारी हैं. अंदरुनी क्षेत्र में भी उन्होंने जज्बे के साथ काम किया है. मुझे गर्व है शिल्पा पर. लोगों को उनसे सीख लेनी चाहिए.
डीएसपी शिल्पा के पति देवांश सिंह राठौर दंतेवाड़ा जिले के किरंदुल बचेली क्षेत्र में डीएसपी पद पर कार्यरत हैं. उनकी जनता से अपील है कि पुलिस और कोरोना वॉरियर्स का भी परिवार होता है. एक साल से हम कोरोना के लिए लोगों को समझा रहे हैं. पर कई लोगों को समझ में ही नहीं आता. बेवजह घूम रहे हैं. ऐसे ही लोगों के कारण हमें भी सड़क पर निकलना पड़ता है. शिल्पा अपने परिवार और काम दोनों का नेतृत्व बहुत अच्छे से कर रही हैं.

