वाशिंगटन: सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ट्विटर के बाद अब स्नैपचैट (Snapchat) ने भी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पोस्ट पर आपत्ति जताई है. स्नैपचैट ने यह कहते हुए ट्रंप की पोस्ट को बढ़ावा देने से इंकार कर दिया है कि वे नस्लीय हिंसा को भड़काते हैं. कंपनी ने बुधवार को एक बयान में कहा कि हम वर्तमान में स्नैपचैट के डिस्कवर प्लेटफॉर्म पर राष्ट्रपति के पोस्ट को बढ़ावा नहीं दे रहे हैं.
कंपनी ने आगे कहा, ‘हम उन आवाजों को बढ़ावा नहीं देंगे, जो नस्लीय हिंसा और अन्याय को प्रोत्साहित करती हैं’. गौरतलब है कि इससे पहले ट्विटर (Twitter) ने राष्ट्रपति के पोस्ट को भड़काऊ करार देते हुए हाइड कर दिया था. इसे लेकर ट्रंप ने काफी बवाल भी मचाया था.
स्नैपचैट की पैरेंट कंपनी स्नैप के मुख्य कार्यकारी अधिकारी इवान स्पीगल (Evan Spiegel ) ने हाल ही में कर्मचारियों को एक लंबा-चौड़ा ज्ञापन भेजा था जिसमें उन्होंने अमेरिका में नस्लीय अन्याय और हिंसा की निंदा की थी. स्पीगल ने अमेरिका में चल रही हिंसा पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए लिखा, ‘हर मिनट हम बुराई और गलत कामों के सामने चुप रहते हैं, इस तरह हम गलत काम करने वालों का समर्थन करते हैं. मैं अमेरिकी नस्लीय भेदभाव को लेकर चिंतित हूं और मौजूदा घटना ने मुझे काफी निराश किया है’.
इवान स्पीगल ने यह स्पष्ट किया है कि स्नैपचैट अमेरिका में उन खातों को बढ़ावा नहीं देगा, जो नस्लीय हिंसा भड़काने वालों से जुड़े हैं. कंपनी के मुताबिक, ट्रंप का अकाउंट प्लेटफॉर्म पर रहेगा, लेकिन उसे देखने की अनुशंसा नहीं की जायेगी यानी उसे प्रमोट नहीं किया जाएगा.
CEO ने आगे कहा, ‘हम विभाजनकारी लोगों को तब तक स्नैपचैट पर बने रहने की अनुमति दे सकते हैं, जब तक कि प्रकाशित सामग्री हमारे समुदाय दिशानिर्देशों के अनुरूप है, लेकिन हम उस खाते या सामग्री को किसी भी तरह से बढ़ावा नहीं देंगे. हम यह साफ करना चाहते हैं कि नस्लवाद, हिंसा, और अन्याय को स्नैपचैट बर्दाश्त नहीं करेगा’.