- कांग्रेस महासचिव ने पूछा- किसके कार्यकाल में हुई नियुक्तियां
- कहा- शिक्षा तंत्र में भ्रष्टाचर के मामले लगातार आ रहे सामने
उत्तर प्रदेश का अनामिका शुक्ला प्रकरण चर्चा में है. 25 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में एक साथ अध्यापन कर एक साल तक वेतन उठाकर सरकार को लगभग एक करोड़ रुपये का चूना लगाए जाने के इस मामले पर अब सियासत भी तेज होती दिख रही है. कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने योगी सरकार को घेरा है.
प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर यूपी सरकार पर निशाना साधा है. प्रियंका गांधी ने कहा है कि अनामिका के नाम 25 फर्जी नियुक्तियां, परिषदीय विद्यालयों की फर्जी नियुक्तियों के बाद अब मैनपुरी में कस्तूरबा गांधी विद्यालय में फर्जी नियुक्ति का मामला सामने आया है. उन्होंने कहा है कि यूपी सरकार की शिक्षा व्यवस्था के तंत्र से भ्रष्टाचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं.
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कांग्रेस महासचिव ने कहा है कि कस्तूरबा विद्यालय की नियुक्तियों में घोटाला सामने आने के बाद तो शिक्षा विभाग में अन्य घोटालों की परतें खुलने लगीं. अब परिषदीय विद्यालयों में फर्जी नियुक्तियों का मामला भी सामने आया है. नियुक्तियां साल 2018 में हुईं. दो साल तक ये सब चलता रहा. प्रियंका ने सवाल उठाया है कि ये सब भर्तियां किसके कार्यकाल में हुईं और अभी तक चलती कैसे रहीं?
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इससे पहले प्रियंका गांधी ने फेसबुक लाइव के जरिए 69 हजार शिक्षकों की भर्ती में हुई धांधली को लेकर इस भर्ती से जुड़े अभ्यर्थियों से संवाद किया. प्रियंका ने कहा कि आज सुबह टॉपर और कई अन्य गिरफ्तार हुए हैं. अगर यह परीक्षा साफ- सुथरे ढंग से हुई है, पारदर्शिता बरती गई है, तो लोग गिरफ्तार क्यों हो रहे हैं? उन्होंने कहा कि यूपी में ऐसी तमाम परीक्षाओं में चीटिंग निकलती है. घोटाले होते हैं. भ्रष्टाचार की बात उठती है. इससे बहुत दुख होता है.
परीक्षा परिणाम में देरी पर उठाए सवाल
प्रियंका गांधी ने कहा कि जिन छात्राओं से बात कर रही थी, वे बता रही थीं कि परीक्षा में बार-बार हेर-फेर हो रही है. कभी परीक्षा रद्द होती है, तो कभी नया नियम आ जाता है. पहले कटऑफ कुछ होता है, परीक्षा के बाद कुछ हो जाता है. उन्होंने परीक्षा परिणाम में देरी पर भी सवाल उठाए और कहा कि यह सोच भी नहीं सकती कि रिजल्ट डेढ़ साल बाद आता है. अगर कोई गड़बड़ी नहीं है तो परिणाम जल्दी आने चाहिए. कांग्रेस महासचिव ने संघर्ष का आह्वान करते हुए कहा कि अगर हमने आवाज नहीं उठाई तो यह सिलसिला बन जाएगा.
मुख्यमंत्री बताएं जिम्मेदारी ले रहे कि नहीं?
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सवाल किया कि वे बताएं, जिम्मेदारी ले रहे हैं कि नहीं? उन्होंने पारदर्शिता के साथ ठोस कार्रवाई की मांग की और कहा, ‘मुख्यमंत्रीजी, ये आपके भी बच्चे हैं. युवा प्रदेश का भविष्य हैं. यह राजनीति की बात नहीं, एक पीढ़ी के भविष्य का सवाल है. सकारात्मक तरीके से एक रास्ता खोजना होगा.’ प्रियंका ने मांग करते हुए कहा कि चाहे परीक्षा रद्द कराना हो या जांच, पारदर्शिता के साथ कराई जाए. उन्होंने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि हम आपके लिए लड़ेंगे. आपकी लड़ाई हमारी लड़ाई है.
गौरतलब है कि अनामिका शुक्ला प्रकरण में एफआईआर दर्ज कर फर्जी शिक्षिका को गिरफ्तार भी किया गया है. इस मामले में नया मोड़ तब आ गया था, जब असली अनामिका शुक्ला बीएसए के पास पहुंच गईं थी और बताया था कि वो अब तक बेरोजगार हैं. अनामिका शुक्ला को एक स्कूल के प्रबंधक ने नियुक्ति दी. इस मामले के सामने आने के बाद यूपी की शिक्षा व्यवस्था में हावी भ्रष्टाचार को लेकर सवाल उठ रहे हैं.