छतरपुर जिले में केन-बेतवा लिंक परियोजना के निर्माण स्थल ढोढन डेम पर एक बार फिर आंदोलन तेज हो गया है। मुआवजे में विसंगतियों और विस्थापन के मुद्दे को लेकर आदिवासी महिलाएं लगातार प्रदर्शन कर रही हैं। मदर्स डे के अवसर पर महिलाओं ने सांकेतिक अर्थी बनाकर उस पर लेटकर विरोध जताया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
बताया जा रहा है कि इससे पहले भी प्रभावित ग्रामीणों ने मुआवजे की अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन किया था, जिसे 15 अप्रैल को प्रशासन द्वारा दोबारा सर्वे कराने के आश्वासन के बाद स्थगित कर दिया गया था। वहीं 8 मई से किसानों के समर्थन में सामाजिक कार्यकर्ता अमित भटनागर के नेतृत्व में न्याय यात्रा निकाली जानी थी, लेकिन यात्रा शुरू होने से पहले ही पुलिस ने उन्हें कुपी क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।अमित भटनागर की गिरफ्तारी के बाद आंदोलनकारी महिलाओं में आक्रोश और बढ़ गया।
प्रदर्शन कर रही महिलाओं का कहना है कि पहले अमित भटनागर को रिहा किया जाए और प्रभावित किसानों-आदिवासियों की मांगों को पूरा किया जाए।आंदोलन के तहत पहले दिन धरना प्रदर्शन किया गया, दूसरे दिन चूल्हा बंदी रखी गई, जबकि तीसरे दिन मदर्स डे पर महिलाओं ने सांकेतिक अर्थी पर लेटकर विरोध दर्ज कराया। आंदोलन स्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण और महिलाएं मौजूद रहीं।


